20 साल का कुंवारा अर्जुन और 21 साल की भूखी मीरां की जंगली स्विमिंग टूर्नामेंट वाली रात। तंग चूत फाड़ने वाली, गांड चोदने वाली, थप्पड़ और चीखों भरी बेरहम चुदाई। दिल्ली के गेस्ट हाउस से जंगल तक, दोनों की लालसा ने हर सीमा तोड़ दी। दुनिया की सबसे जंगली और बर्बर पहली रात Virgin Sex Stories in hindi on lustystories.fun।
अर्जुन की उम्र 20 साल थी। लंबा कद-काठी, चौड़ी छाती, मोटी बांहें और मजबूत कमर वाला एक हट्टा-कट्टा जवान। जयपुर के एक प्रतिष्ठित स्कूल का स्टार स्विमर। उसकी आंखों में हमेशा एक अनकही भूख छिपी रहती थी, लेकिन बाहर से वह शांत और मेहनती लड़का दिखता था। स्कूल की लड़कियां उसे देखकर फुसफुसातीं, लेकिन अर्जुन कभी किसी के करीब नहीं गया। वह अपनी पढ़ाई और स्विमिंग पर फोकस करता था।
मीरां 21 साल की थी। दिल्ली की रहने वाली, लेकिन स्कूल के एक्सचेंज प्रोग्राम के तहत जयपुर आई हुई। गोरा-चिट्टा रंग, घने काले बाल जो कमर तक लहराते थे, भरी-भरी छाती, पतली कमर और गोल-मटोल नितंब। उसकी आंखें आग की तरह जलती थीं। स्विमिंग में वह मछली की तरह तैरती थी। उसकी मुस्कान में एक जंगली आकर्षण था जो किसी भी मर्द को दीवाना बना सकता था। मीरां सेक्स की भूख से तड़प रही थी। वह कुंवारी थी, लेकिन उसके मन में ज्वालामुखी सुलग रहा था।
जिला स्तर के स्विमिंग टूर्नामेंट के लिए दोनों को दिल्ली भेजा गया। स्कूल टीम में दो लड़के और एक लड़की का चयन हुआ था। ट्रेन जर्नी के दौरान ही उनकी मुलाकात हुई। मीरां ने अर्जुन को देखा और मुस्कुराते हुए कहा, “नया चेहरा लग रहा है। डर तो नहीं लग रहा ना, चैंपियन?”
अर्जुन शर्मा गया, लेकिन उसकी हिम्मत ने जवाब दिया, “डर किस बात का? पानी में तो मैं राजा हूं।”
ट्रेन की लंबी रात में मीरां ने उसे कंबल ओढ़ाया, उसके गाल पर हल्की सी चुंबन दी और कान में फुसफुसाया, “आराम से सो जाओ, कल बहुत मेहनत करनी है।” अर्जुन का शरीर सिहर उठा। पहली बार किसी लड़की की गर्म सांस उसके चेहरे पर पड़ी थी।
दिल्ली पहुंचकर टूर्नामेंट शुरू हुआ। होटल की व्यवस्था स्कूल ने की थी, लेकिन मीरां के पुराने दोस्तों ने एक अलग प्लान बनाया। पहले दिन अर्जुन ने दो राउंड जीत लिए। उसकी मजबूत बांहें पानी को चीरती हुई आगे बढ़ रही थीं। मीरां भी अपनी रेस में चमक रही थी। शाम को सेलिब्रेशन हुआ। मीरां ने अर्जुन को गले लगाया और उसके कान में कहा, “तुम तो असली मर्द हो।”
दूसरे दिन फाइनल था। दोनों ने शानदार परफॉर्मेंस दी। टीम फर्स्ट आई। जश्न के बाद बाकी टीम सदस्य वापस चले गए। मीरां ने ट्रेन का टिकट एक दिन बाद का करवा लिया। उसने अर्जुन को बताया, “आज रात हम दिल्ली के एक शांत गेस्ट हाउस में रुकेंगे। मेरे दोस्तों ने इंतजाम किया है। मज़ा आएगा।”
गेस्ट हाउस एक पुरानी लेकिन शानदार कोठी थी, दक्षिण दिल्ली के एक शांत इलाके में। चारों तरफ बगीचा, पूल और घना अंधेरा। रात के नौ बज चुके थे। बाकी दोस्त खाना खाकर चले गए। अब सिर्फ अर्जुन और मीरां रह गए थे।
मीरां ने एक हल्का नाइट सूट पहना था – काला ट्रांसपेरेंट टॉप जिससे उसकी भरी हुई ब्रा साफ दिख रही थी और शॉर्ट्स जो उसकी मोटी जांघों को आधा उघाड़े हुए थे। अर्जुन कुर्ता-पायजामा में था। दोनों गार्डन में बेंच पर बैठे। चांदनी रात थी। हल्की ठंडी हवा चल रही थी।
“अर्जुन, तुम्हारे बारे में सब बताओ,” मीरां ने उसके हाथ को अपनी गोद में ले लिया।
अर्जुन ने सब कुछ बताया – अपनी जिंदगी, सपने, डर। मीरां सुनती रही, फिर अचानक उसके होंठों पर अपनी उंगली रख दी। “बस अब चुप। आज मैं तुम्हें वो सब सिखाऊंगी जो तुमने कभी सपने में भी नहीं सोचा।”
अर्जुन का दिल जोरों से धड़क रहा था। मीरां उठी और उसे अपने कमरे में ले गई। कमरा बड़ा था, सॉफ्ट लाइट जल रही थी। उसने दरवाजा बंद किया और लॉक कर दिया।
“डरो मत,” उसने कहा और अर्जुन को दीवार से सटा दिया। उसकी छाती अर्जुन की छाती से टकराई। मीरां ने उसके होंठों पर जोरदार किस किया। पहली बार अर्जुन ने किसी लड़की के नरम होंठ चखे। उसकी जीभ मीरां की जीभ से लड़ने लगी। किस इतना गहरा और जंगली था कि दोनों के मुंह से आहें निकलने लगीं।
मीरां ने अर्जुन का कुर्ता उतार दिया। उसकी चौड़ी छाती, सख्त निप्पल देखकर वह मुस्कुराई। “वाह, कितना हॉट बॉडी है तुम्हारा।” उसने अपनी जीभ से अर्जुन की छाती चाटनी शुरू की। निप्पल को चूसने लगी। अर्जुन के मुंह से कराह निकली। उसका लंड पतलून में तन गया था।
अर्जुन ने हिम्मत करके मीरां का टॉप उतारा। उसकी भरी-भरी 36D ब्रेस्ट ब्रा में कैद थी। ब्रा उतारते ही दो बड़े-बड़े स्तन उछल पड़े। गुलाबी निप्पल सख्त हो चुके थे। अर्जुन ने दोनों हाथों से उन्हें दबाया। मीरां ने कराहते हुए कहा, “जोर से दबाओ… काटो… चूसो।”
अर्जुन ने एक निप्पल मुंह में ले लिया। जोर-जोर से चूसने लगा। मीरां उसके बाल खींच रही थी। “हां… और जोर से… मैं बहुत दिनों से तरस रही हूं।”
मीरां ने अर्जुन की पैंट उतार दी। उसका 7 इंच लंबा, मोटा, सीधा खड़ा लंड बाहर आ गया। मीरां की आंखें चमक उठीं। “कितना सुंदर और मोटा लंड है। आज पहली बार चखूंगी।” उसने घुटनों पर बैठकर लंड को मुंह में ले लिया। गर्म, नम मुंह। जीभ से सिर चाटा, फिर पूरा मुंह में ले लिया। गला भर गया लेकिन मीरां ने गहरी थ्रोट दी। अर्जुन के पैर कांप गए।
“मीरां… उफ्फ… बहुत अच्छा लग रहा है।”
मीरां ने 10 मिनट तक लंड चूसा। लार टपक रही थी। फिर उठकर बेड पर लेट गई। शॉर्ट्स और पैंटी उतार दी। उसकी चूत बिल्कुल साफ, गुलाबी और भीगी हुई थी। “देखो, कितनी तरस रही है तुम्हारे लंड के लिए।”
अर्जुन ने अपनी उंगलियां उसकी चूत में डालीं। गर्म, स्लिपरी। मीरां कराह रही थी। “अब चूत चाटो… जीभ डालो अंदर।”
अर्जुन ने मुंह लगा दिया। उसकी जीभ चूत की फांकों के बीच घूम रही थी। क्लिटोरिस को चूस रहा था। मीरां जोर-जोर से चीख रही थी, “हां… वहीं… चूसो… मैं जल्दी झड़ने वाली हूं।” कुछ ही देर में मीरां का पहला ऑर्गेज्म आ गया। उसका शरीर तड़प उठा। चूत से रस बह निकला।
अब मीरां ने अर्जुन को बेड पर लिटाया। उसकी जांघों पर बैठ गई। लंड को अपनी चूत के मुंह पर रगड़ने लगी। “अब घुसाओ… लेकिन धीरे… मैं भी कुंवारी हूं।”
अर्जुन ने लंड का सिर चूत में दबाया। मीरां ने नीचे दबाव डाला। धीरे-धीरे मोटा लंड उसकी तंग कुंवारी चूत में घुसने लगा। दर्द और खुशी का मिश्रण। मीरां ने दांत भींच लिए। “आह… फट रही हूं… लेकिन रुकना मत।”
आधा लंड घुसा तो मीरां ने जोर से नीचे बैठ गई। पूरी तरह अंदर चला गया। खून की हल्की धार निकली। दोनों जोर से चीखे। मीरां ने हिलना शुरू किया। ऊपर-नीचे। तेज-तेज। उसके बड़े स्तन उछल रहे थे। अर्जुन नीचे से जोरदार धक्के दे रहा था।
“मारी… चोदो मुझे… जोर से… फाड़ दो मेरी चूत।” मीरां चिल्ला रही थी।
अर्जुन ने पोजीशन बदली। डॉगी स्टाइल में मीरां को घुटनों पर किया। पीछे से लंड घुसाया और पागलों की तरह ठोकने लगा। कमर पकड़कर जोर-जोर से। थप-थप की आवाज गूंज रही थी। मीरां का सिर तकिए में दबा था। “हां… और गहरा… मेरी गांड पर थप्पड़ मारो।”
अर्जुन ने उसके नितंबों पर जोरदार थप्पड़ मारे। लाल निशान पड़ गए। फिर उसकी गांड में उंगली डाल दी। मीरां पागल हो गई। दूसरा ऑर्गेज्म आ गया।
तीसरी राउंड में अर्जुन ने उसे मिशनरी में लिया। पैर कंधों पर रखे और पूरी ताकत से चोदने लगा। कमरे में बस चूत की चप-चप, कराह और थप्पड़ों की आवाजें गूंज रही थीं। मीरां के नाखून अर्जुन की पीठ पर गड़ गए। खून निकल आया।
“मैं झड़ने वाला हूं,” अर्जुन बोला।
“अंदर ही डाल दो… गर्भाशय तक भर दो।” मीरां चीखी।
अर्जुन ने जोर का अंतिम धक्का मारा और पूरा माल मीरां की चूत के अंदर उड़ेल दिया। दोनों थककर एक-दूसरे से लिपट गए। पसीने से तर, सांसें फूली हुईं।
रात भर वे तीन बार और चोदे। अलग-अलग पोजीशन में – स्टैंडिंग, 69, राइडिंग। मीरां ने अर्जुन को हर तरीके से चखाया। सुबह होने तक दोनों की चूत और लंड लाल हो चुके थे, लेकिन संतुष्टि चरम पर थी।
join my telegram channel for leaked videos
सुबह मीरां ने अर्जुन को किस किया और कहा, “यह हमारी पहली रात थी… लेकिन आखिरी नहीं। अब हम जुड़ गए हैं।”
ट्रेन की लंबी यात्रा के दौरान अर्जुन और मीरां एक-दूसरे से सटकर बैठे रहे। मीरां ने अपनी जांघ अर्जुन की जांघ पर रख दी थी। उसकी उंगलियां छुपकर अर्जुन के लंड पर घूम रही थीं। “घर पहुंचकर भी मैं तुझे छोड़ने वाली नहीं हूं,” उसने कान में फुसफुसाकर कहा। अर्जुन का लंड फिर से खड़ा हो गया। वह समझ गया कि यह सिर्फ शुरुआत थी।
जयपुर पहुंचने के बाद दोनों ने अपनी-अपनी जिंदगी में वापसी कर ली, लेकिन रातें अब उनकी हो चुकी थीं। स्कूल में मीरां अर्जुन को कोने में खींचकर उसके होंठ चूस लेती। एक दिन पीरियड के बाद खाली क्लासरूम में मीरां ने अर्जुन को बेंच पर बैठाया, अपनी पैंटी उतारी और उसके मुंह पर बैठ गई। “चूत चाटो जोर से… आज बहुत गीली हूं।” अर्जुन ने जीभ अंदर तक घुसा दी। मीरां ने उसके बाल पकड़कर चेहरे को रगड़ा। उसकी चूत से रस टपक रहा था। कुछ ही मिनट में वह झड़ गई और अर्जुन के मुंह को चूत के रस से भिगो दिया।
लेकिन असली मज़ा तो छुट्टियों में शुरू हुआ। मीरां ने अपने दिल्ली वाले दोस्तों से बात करके एक हाईवे के पास एक रिसॉर्ट बुक कर लिया। दोनों वहां वीकेंड पर पहुंचे। रिसॉर्ट का कमरा लग्जरी था – बड़ा बेड, जैकुजी और प्राइवेट बालकनी।
दरवाजा बंद होते ही मीरां ने अर्जुन को दीवार से टकराया। “आज मैं तुझे रंडी बनाऊंगी।” उसने अर्जुन के कपड़े फाड़ते हुए उतारे। लंड बाहर आते ही मुंह में ले लिया। गला भरकर चूसने लगी। थूक की लार लंड पर बह रही थी। अर्जुन ने उसके बाल पकड़े और जोर से मुंह में ठोका। मीरां का गला फूल गया, आंखों में आंसू आ गए, लेकिन वह और गहरा ले रही थी।
फिर मीरां बेड पर चली गई। घुटनों के बल, गांड ऊपर उठाई। “पहले चूत में घुसा, फिर गांड में।” अर्जुन ने लंड पर थूक लगाया और एक जोरदार धक्का मारा। पूरी चूत फट गई। मीरां चीख उठी, “फाड़ दो… मारो… और जोर से!” अर्जुन ने उसके बाल खींचे, गर्दन दबाई और पागलों की तरह पेलने लगा। हर धक्के पर मीरां की चूत से पानी छूट रहा था।
दूसरे राउंड में उसने मीरां की गांड पर निशाना साधा। मोटा लंड धीरे-धीरे गांड में घुसा। मीरां दर्द से तड़प रही थी लेकिन खुशी से चिल्ला रही थी, “हां… फाड़ डालो मेरी गांड… पूरी तरह भर दो।” अर्जुन ने पूरी ताकत से गांड मारी। थप-थप-थप की आवाजें कमरे में गूंज रही थीं। मीरां के नितंब लाल हो गए थे। उसने कई बार थप्पड़ मारे। फिर अर्जुन ने मीरां को उठाकर जैकुजी में ले जाया। पानी में खड़े होकर उसकी चूत और गांड दोनों में बारी-बारी से ठोका।
रात भर वे रुके नहीं। मीरां ने अर्जुन को बांधा, उसकी छाती पर नाखून गाड़े, लंड को रगड़कर सताया। फिर स्विंग पोजीशन में चढ़कर इतनी तेज हिली कि बेड हिलने लगा। अर्जुन का लंड उसके गर्भाशय तक पहुंच रहा था। “मेरा बच्चा डाल दो अंदर… भर दो मेरी चूत।” आखिरकार अर्जुन ने गर्म-गर्म वीर्य मीरां की चूत और गांड दोनों में उड़ेल दिया। दोनों थककर एक-दूसरे में समा गए।
इसके बाद उनकी मुलाकातें और भी खतरनाक हो गईं। एक बार स्कूल की छत पर रात को चढ़कर दोनों ने सेक्स किया। हवा में मीरां की चीखें गूंज रही थीं। अर्जुन ने उसे रेलिंग पकड़वाकर पीछे से मारा। नीचे स्कूल का मैदान दिख रहा था। डर और उत्तेजना का मिश्रण दोनों को पागल बना रहा था।
दूसरी बार वे जयपुर के बाहर एक जंगल में गए। कार में ही मीरां ने अर्जुन का लंड मुंह में लिया। फिर कार के बोनट पर लेटकर चूत पेश की। अर्जुन ने उसे इतनी क्रूरता से चोदा कि मीरां के पैर कांपने लगे। उसने मीरां की गर्दन दबाकर चोदा, थप्पड़ मारे, स्तनों को काटा। मीरां का पूरा शरीर निशानों से भर गया था, लेकिन वह और मांग रही थी, “मारो… मुझे अपनी रंडी बना दो… आज रात मैं तुम्हारी हूं।”
हर मुलाकात के साथ उनका सेक्स और जंगली होता गया। मीरां ने अर्जुन को सिखाया कि कैसे लंड को कंट्रोल करें, कैसे घंटों तक चोदें बिना झड़े। एक बार होटल के बालकनी में खड़े-खड़े उन्होंने सेक्स किया। नीचे सड़क पर लोग गुजर रहे थे। मीरां चीख रही थी लेकिन अर्जुन ने उसके मुंह पर हाथ रख दिया और पीछे से गांड में ठोकता रहा।
समय के साथ दोनों गहरे प्यार में डूब गए। मीरां ने अर्जुन को बताया कि वह हमेशा से इतनी भूखी थी। अर्जुन अब एक असली मर्द बन चुका था – जो किसी भी औरत को उसकी सीमा तक ले जा सकता था।
एक आखिरी यादगार रात में वे दोनों एक पहाड़ी रिसॉर्ट गए। वहां उन्होंने पूरा वीकेंड नंगा रहकर बिताया। हर कोने में चोदा। बाथरूम में, किचन में, पूल में। मीरां ने अर्जुन को राइड करते हुए कहा, “तुम मेरे हो… और मैं तुम्हारी। चाहे जिंदगी भर कितनी भी औरतें आएं, मेरी चूत हमेशा तुम्हारे लंड के लिए खुलेगी।”
अर्जुन ने उसे कसकर गले लगाया और आखिरी बार इतनी जोर से चोदा कि दोनों एक साथ झड़ गए। वीर्य मीरां की चूत से बाहर बह रहा था।
आज अर्जुन 44 साल का हट्टा-कट्टा मर्द है। वह जानता है कि जिंदगी में हर मर्द के पास ऐसी कहानियां होती हैं। मीरां आज भी कभी-कभी फोन करती है। और हर बार बात शुरू होते ही पुरानी भूख जाग उठती है।
यह थी अर्जुन की पहली और सबसे जंगली कहानी। लेकिन यह आखिरी नहीं थी। जिंदगी आगे बढ़ी और कई औरतों के साथ और भी क्रूर, और भी गहरी रातें आईं। लेकिन मीरां वाली वो पहली रात हमेशा याद रहेगी – जब एक कुंवारा लड़का एक भूखी कुंवारी लड़की के साथ दुनिया की सबसे जंगली चुदाई सीखा था।
अगर आपको यह कहानी पसंद आई तो कमेंट में बताएं। अगली कहानी और भी खतरनाक होगी।
Virgin Sex Stories:-